गुजरात, 05 अप्रैल। Lion Sitting on Fridge : गुजरात जिले के एक गांव के घर में आधी रात को अचानक शेर घुस आया और रेफ्रिजरेटर के ऊपर जाकर बैठ गया। रात के अंधेरे में गुर्राती आवाज सुन घरवालों के भी हाथ-पांव फूल गए। पहले तो आवाज हल्की लगी,उन्हें लगा कि कोई बिल्ली उनके घर में घुस आई है, लेकिन अगले ही क्षण शेर देख सारे हक्के-बक्के रह गए। यह पूरा वाक्या सोशल मीडिया पर वायरल है। वन विभाग ने हालांकि शेर को वहां से निकालकर जंगल वापस छोड़ दिया है।
दीवार फांदकर घर में घुसा था शेर
यह घटना अमरेली जिले के राजुला तालुका के कोवाया गांव में लखोटरा के घर में रात करीब 1 बजे हुई। तब पूरा परिवार सो रहा था। शेर रसोई की दीवार और छत की बल्लियों के बीच घुस गया। चौंकते हुए घरवालों ने जानवर पर टॉर्च की रोशनी डाली और अपने फोन पर वीडियो बनाए।
गांव के सरपंच जीना लखोटरा ने कहा कि, शेर 12 या 13 फुट की दीवार फांदकर घर में घुसा था। परिवार चिल्लाने लगा जिसके बाद आसपास के पड़ोसी भी तुरंत इकट्ठा हो गए। हमने सावधानी से आवाजें निकालीं ताकि शेर घबराए नहीं और किसी को नुकसान न पहुंचाए। इसके बाद वन अधिकारियों को सूचित किया गया और उन्होंने सफलतापूर्वक शेर को परिसर से बाहर निकाल दिया।
उप वन संरक्षक जयन पटेल ने समझाया कि यह शेर छह शेरों के झुंड का है। वे वर्तमान में जाफराबाद के पास हैं और शिकार की तलाश में कभी-कभी गांवों में घुस जाते हैं, खासकर जब उन्हें आवारा मवेशी नहीं मिलते हैं। ऐसी घटनाएं बेहद दुर्लभ हैं। जंगल और तट दोनों के पास होने के कारण,गांव में शेरों का दिखना आम बात है और निवासी उनकी उपस्थिति के आदी हो गए हैं। पास के पीपावाव बंदरगाह पर भी अक्सर शेरों के दिखने की खबरें आती हैं। अमरेली जिले में लगभग 150 शेर रहते हैं और ऐसे मामले सामने आए हैं जब शेर बरामदों और मवेशी शेडों में घुसने के लिए दीवारें फांद गए हैं।
वीडियो की हो रही है जांच
वन अधिकारियों ने सोमवार को सोशल मीडिया पर एक वीडियो सामने आने के बाद जांच शुरू की थी, वीडियो में ऐसा लगा कि शेर को परेशान किया जा रहा है। आठ सेकंड की क्लिप में एक व्यक्ति को लाठी से शेर को भगाते हुए और जानबूझकर जानवर को उत्तेजित करते हुए दिखाया गया है।
रिपोर्ट के अनुसार,यह घटना अमरेली जिले के लिलिया तालुका के एक गांव में हुई। जवाब में,वन अधिकारियों ने एक जांच शुरू की और जनता से शेरों को परेशान करने से बचने का आग्रह किया, चेतावनी दी कि इस तरह की कार्रवाई जानवरों को भड़का सकती है और मनुष्यों पर हमले का कारण बन सकती है।